CSE क्या है? 2022 में CSE full form से Scope तक पूरी जानकारी।

भारत एक लोकतांत्रिक देश है। भारत का लोकतंत्र दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र है। ऐसी स्थिति में भारत में शासन व्यवस्था को बनाए रखने के लिए और सरकारी कार्यों को सुचारू रूप से जमीनी स्तर पर पहुंचाने के लिए विभिन्न प्रकार के विभाग और विभिन्न प्रकार के प्रशासनिक प्रणाली को तैयार किया गया है। भारत में प्रत्येक पद के लिए योग्यता निर्धारित की गई है उस योग्यता के आधार पर ही किसी को भी चयनित किया जाता है। वर्तमान समय में बढ़ती प्रतिस्पर्धा के कारण प्रत्येक छोटे से छोटे पद के लिए विभिन्न प्रकार की परीक्षाओं का आयोजन करवाया जाता है तथा उस परीक्षा के अंतर्गत निर्धारित की गई योग्यता सिद्ध करने वाले लोगों को चयनित कर दिया जाता है।

भारत का प्रशासन एक सशक्त और मजबूत प्रशासन है जो संपूर्ण देश में शांति व्यवस्था कायम रखने के लिए जाना जाता है। भारत के प्रशासनिक व्यवस्था बहुत बड़ी है। भारत के प्रशासन प्रणाली के तहत विभिन्न प्रकार के पद आते हैं। विभिन्न प्रकार के विभाग आते हैं और विभिन्न प्रकार की कार्य प्रणाली तथा लाखों की संख्या में सैनिक है। ऐसी स्थिति में भारत की प्रशासनिक व्यवस्था को सुचारू रूप से चलाने के लिए इसके अंतर्गत विभिन्न प्रकार के पद निर्धारित किए गए हैं। तरह-तरह के पद पर कार्यरत अधिकारियों को बखूबी से अपनी जिम्मेदारी के अनुसार कार्य करना होता है।

भारत के प्रशासनिक क्षेत्र में पुलिस विभाग के अंतर्गत आईपीएस पुलिस अधिकारी का एक मुख्य और बड़ा पद होता है जो अपने विभाग के अंतर्गत तथा कार्य क्षेत्र के अंतर्गत अपनी जिम्मेदारियों से कार्य करता है। अपने क्षेत्र के अंतर्गत आईपीएस पुलिस अधिकारी को शांति व्यवस्था बनाए रखने और सुचारू रूप से सभी कार्य को करवाने की जिम्मेदारी उठानी पड़ती है यह एक महत्वपूर्ण पद है। इसीलिए इस पद पर कार्यरत होने के लिए एक बड़ी प्रतिस्पर्धा से गुजरना होता है। वर्तमान समय में बढ़ते कंपटीशन के कारण इस पद की परीक्षा काफी कठिन होती है।

CSE परीक्षा क्या होती है? (CSE kya hai in Hindi)

CSE Exam kya hota hai

यह भारत की एक प्रतियोगिता परीक्षा होती है, इसे पास करने के बाद भारत सरकार के केंद्रीय तथा राज्य प्रशासन के अंतर्गत पुलिस विभाग में जिला अधिकारी के तौर पर आईपीएस के पद पर नियुक्ति प्रदान की जाती है। CSE का full form ‘Civil Service Exam‘ होता है। यह भारत के सिविल सेवा के अंतर्गत आता है। प्रशासन के इस प्रतिष्ठित पद पर कार्यरत होने के लिए हर वर्ष यूपीएससी यानी संघ लोक सेवा आयोग द्वारा सिविल सेवा परीक्षा का आयोजन करवाया जाता है। इस परीक्षा को पास करने के बाद ही IPS पुलिस अधिकारी बनाया जाता है।

संघ लोक सेवा आयोग यानी UPSC द्वारा आयोजित सिविल सेवा परीक्षा तय करता है कि कौन से प्रतियोगी योग्य है और कौन से प्रतियोगी योग्य नहीं है। संघ लोक सेवा आयोग इस परीक्षा का आयोजन 3 चरणों में संपन्न करवाता है। पहले चरण में प्रारंभिक परीक्षा का आयोजन करवाया जाता है।‌ इस परीक्षा को पास करने वाले विद्यार्थी ही द्वितीय चरण की मुख्य परीक्षा में हिस्सा ले सकते हैं। यह इस exam की कठिन और मुख्य परीक्षा होती है। इस परीक्षा को पास करने वाले अभ्यर्थी ही आखिरी और तीसरे चरण की परीक्षा दे सकते हैं। आखिरी परीक्षा साक्षात्कार की होती है यानी कि इस दौरान आपका interview लिया जाता है interview भी मुख्य भूमिका निभाता है।

इस परीक्षा को पास करने के बाद भारतीय प्रशासनिक सेवा के अंतर्गत सिविल सर्विस के रूप में पुलिस विभाग के अंतर्गत जिला अधिकारी के तहत IPS का पद प्रदान किया जाता है जो कि एक महत्वपूर्ण और बड़ा पद माना जाता है। यह भारतीय समाज में सम्मानजनक पद होता है। ऐसी स्थिति में एक योग्य उम्मीदवार ही इस पद पर विराजमान हो इसलिए इसकी चयन प्रक्रिया इतनी आसान नहीं होती है। प्रारंभिक परीक्षा पास करने के बाद मुख्य परीक्षा देनी होती है जो काफी कठिन होती है। उसके बाद भी interview के दौरान भी आपके अंक निर्धारित किए जाते हैं मेरिट लिस्ट में नंबर आने के बाद ही नियुक्ति दी जाती है।

CSE परीक्षा की प्रक्रिया (CSE Exam Process in Hindi 2022)

भारत में होने वाली प्रत्येक परीक्षा की एक प्रक्रिया और पाठ्यक्रम निर्धारित किया हुआ होता है जिसके आधार पर किसी भी परीक्षा का आयोजन करवाया जाता है। विशेष रुप से भारत के प्रशासनिक सेवा के अंतर्गत आने वाले बड़े और महत्वपूर्ण पदों के लिए विशेष रुप से रणनीति बनाकर महत्वपूर्ण परीक्षा का आयोजन करवाया जाता है। सीएससी की इस परीक्षा को तीन भागों में संपन्न करवाया जाता है। जिसमें पहले चरण की प्रारंभिक परीक्षा संपन्न होने के बाद इस परीक्षा में पास होने वाले विद्यार्थी ही मुख्य परीक्षा दे सकते हैं और मुख्य परीक्षा पास करने वाले विद्यार्थी तृतीय चरण की आखिरी परीक्षा में interview दे सकते हैं तो इसको विस्तार पूर्वक जान लेते हैं।

प्रारंभिक परीक्षा (Preliminary) —

सिविल सेवा परीक्षा के अंतर्गत यह प्रथम चरण की प्रारंभिक परीक्षा है। इस परीक्षा का मुख्य उद्देश्य योग्य उम्मीदवारों का चयन करना होता है जो भी उम्मीदवार इस परीक्षा के लिए योग्य है। वह इस परीक्षा को आसानी से पास कर लेते हैं इस परीक्षा को पास करने के बाद ही मुख्य परीक्षा के लिए आवेदन स्वीकार किया जाता है। प्रथम चरण की प्रारंभिक परीक्षा के अंतर्गत 400 अंकों के दो प्रकार के प्रश्न पत्र देखने के लिए मिल जाते हैं। इसके लिए 2 घंटे का समय निर्धारित किया हुआ होता है। इस परीक्षा को पास करने के लिए 33% अंक प्राप्त करना अनिवार्य है।

इस परीक्षा में 2 पेपर होते हैं। पहला पेपर सामान्य अध्ययन से संबंधित होता है तथा दूसरा पेपर सिविल सर्विसेज से संबंधित होता है। दोनों ही पेपर के लिए कुल 4 घंटों का समय मिलता है यानी कि प्रत्येक पेपर के लिए 2 घंटे समय मिल जाता है। इस परीक्षा को पास करना अनिवार्य है क्योंकि इस परीक्षा को पास करने वाले विद्यार्थियों को ही द्वितीय चरण की मुख्य परीक्षा में बैठाया जाता है। ऐसी स्थिति में अच्छी तरह से रणनीति बनाकर पढ़ाई करके इस परीक्षा को पास करना आपके लिए अनिवार्य हो जाता है।

मुख्य परीक्षा (Mains) —

सिविल सेवा परीक्षा के अंतर्गत द्वितीय चरण की यहां मुख्य परीक्षा है। इस परीक्षा को प्रत्येक उम्मीदवार आसानी से पास नहीं कर पाता है क्योंकि यह मुख्य परीक्षा है जो कि महत्वपूर्ण पद के लिए होती है ऐसी स्थिति में यह परीक्षा अच्छी रणनीति बनाकर लंबे समय तक पढ़ाई करने वाला उम्मीदवार ही पास कर सकता है। इस परीक्षा को केवल वही उम्मीदवार दे सकते हैं जिन्होंने प्रथम चरण की प्रारंभिक परीक्षा पास कर ली है। इस परीक्षा को पास करने के बाद ही आपको मुख्य परीक्षा के लिए बुलाया जाता है।

द्वितीय चरण की मुख्य परीक्षा में कुल 9 पेपर होते हैं, जिनमें निबंधात्मक से संबंधित प्रश्न पूछे जाते हैं। इनमें से सात पेपर में पारंपरिक निबंध से संबंधित प्रश्न होते हैं जिनके लिए 3 घंटे का समय निर्धारित किया गया है। सभी प्रश्न पत्र को मिलाकर कुल 1750 अंकों के आधार पर 200 प्रश्न पूछे जाते हैं। प्रश्न पत्र 1 में 18 भारतीय भाषाओं के अंतर्गत मिलता है जिनमें से आप किसी भी एक भाषा का चयन कर सकते हैं। इस परीक्षा के प्रश्न पत्र एक और प्रश्न पत्र 2 के अंक मुख्य रूप से नहीं जुड़ जाते हैं। इस परीक्षा को पास करने के बाद ही साक्षात्कार यानी interview के लिए बुलाया जाता है।

साक्षात्कार (Interview) —

अगर आपने प्रथम चरण की प्रारंभिक परीक्षा तथा द्वितीय चरण की मुख्य परीक्षा पास कर ली है तभी आपको तृतीय चरण की आखिरी परीक्षा साक्षात्कार अथवा इंटरव्यू के लिए बुलाया जाता है। यहां पर आपका व्यक्तिगत परीक्षण किया जाता है किसी भी प्रशासनिक और मुख्य पद के लिए इंटरव्यू जरूरी होता है। वर्तमान समय में होने वाले इंटरव्यू के अंतर्गत भी अंकों का निर्धारण किया जाता है। इंटरव्यू के अंतर्गत प्राप्त होने वाले अंक कुल अंकों में शामिल किया जाता है, जिसके आधार पर मेरिट लिस्ट तैयार होती है। इस बात का आपको विशेष ध्यान रखना चाहिए।

एक व्यक्तिगत परीक्षण यानी इंटरव्यू कुल 275 अंकों का होता है जिसके अंतर्गत व्यक्ति के मूल रूप से बौद्धिक गुणों का आकलन किया जाता है। उम्मीदवार की रूचि का परीक्षण किया जाता है तथा बौद्धिक विकास और व्यक्तित्व की परख की जाती है जिससे पता चलता है कि क्या वह व्यक्ति वास्तव में उच्च पद के लिए योग्य है या नहीं। आप अपनी मनपसंद भाषा जैसे हिंदी अथवा अंग्रेजी में अभी interview दे सकते हैं इस दौरान आपके मानसिक संतुलन को भी परखा जाता है तथा समय पर उचित फैसले लेने की क्षमता की जांच की जाती है interview में आमतौर पर सामान्य प्रश्न पूछे जाते हैं।

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Conclusion

CSE Exam क्या होता है? इस बारे में पूरी जानकारी विस्तार पूर्वक इस आर्टिकल में हम आपको दे चुके हैं। अगर आप भी इस विषय में जानना चाहते हैं तो आर्टिकल को शुरुआत से लेकर अंत तक ध्यानपूर्वक पढ़े। आपको इस विषय में पूरी जानकारी पता चल जाएगी हमें उम्मीद है। यह जानकारी आपको जरूर पसंद आएगी। इसीलिए अगर आपका इस आर्टिकल से संबंधित कोई भी प्रश्न है? तो आप नीचे कमेंट सेक्शन में कमेंट करके पूछ सकते हैं। हम पूरी कोशिश करेंगे कि आपके द्वारा पूछे गए प्रश्न का उत्तर समय पर जल्द से जल्द दे सकें।

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